Swatantrata Pukartee by Nand Kishore Naval

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  • Author Name : Nand Kishore Naval
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  • About Book : स्वतंत्रता पुकारती हिन्दी की चुनिन्दा राष्ट्रीय कविताओं का संकलन है, जिसमें 23 कवियों की 173 कविताएँ शामिल हैं। यह संकलन पाँच खंडों में विभाजित है। हालाँकि एक खंड में संकलित कवियों में से कई दूसरे खंडों में संकलित कवियों के काव्य-सृजन के सहयात्री रहे हैं, तथापि यह कहना उचित होगा कि पाँचों खंडों में सम्मिलित कवि क्रमशः हिन्दी कविता के पाँच युगों अथवा धाराओं का प्रतिनिधित्व करते हैं-भारतेन्दु-युग, द्विवेदी युग स्वच्छंद धारा, छायावाद तथा छायावादोत्तर युग।भारत अपनी स्वतंत्रता की पचासवीं वर्षगाँठ मना चुका है, ऐसे में यह देखना सचमुच दिलचस्प होगा कि स्वतंत्रता आंदोलन में तथा राष्ट्रीय भावना के विकास में हिन्दी कवियों की क्या भूमिका रही है। प्रस्तुत संकलन तैयार करते हुए चयनकर्ता नंद किशोर नवल ने यह महसूस किया है कि कवियों की भूमिका निश्चय ही महत्त्वपूर्ण एवं शानदार रही है तथा राष्ट्रीय कवियों ने अपनी कविताएँ मानो स्याही से नहीं, वरन् अपने हृदय के रक्त से लिखी हैं। 
  • About Editor :प्रस्तुत संकलन के संपादक नंदकिशोर नवल (जन्म: 2 सितंबर 1937, हाजीपुर, बिहार) एम. ए. पी. एच.डी. ( हिन्दी) पटना विश्वविद्यालय के सेवानिवृत आचार्य तथा प्रतिष्ठित संपादक और आलोचक हैं। आपकी दर्जनाधिक संपादित कृतियों में निराला रचनावली (आठ खंडों में) तथा मैथिलीशरण गुप्त और नामवर सिंह की संचयिताएँ प्रमुख हैं। आप आलोचना तथा कसौटी सहित अनेक पत्रिकाओं के संपादन से जुड़े रहे हैं। आपको मुक्तिबोध : ज्ञान और संवेदना नामक पुस्तक के लिए आचार्य रामचंद्र शुक्ल पुरस्कार सहित अनेक पुरस्कार-सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। आपकी आलोचनात्मक कृतियों में हिन्दी आलोचना का विकास, प्रेमचंद का सौन्दर्यशास्त्र, निराला काव्य की छवियाँ, निराला : कृति से साक्षात्कार (दो खंड) कविता की मुक्ति, कविता के आरपार एवं शताब्दी की कविता प्रमुख हैं।
  • ISBN : 9788126022564.
  • Book format: Hardcover.
  • Language: Hindi 
  • Book Genre: Literary Poem Collection.
  • Number of pages: 333
  • Publisher: Sahitya Akademi 
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